रामानुजनगर में मिल रहा है सौ रुपए का दवाई 10 में: हर महीने शुगर और ब्लड प्रेशर के मरीज उठा रहे हैं लाभ, कम कीमत में मिल रही गुणवत्तापूर्ण दवाइयां

रामानुजनगर। बढ़ती महंगाई के दौर में जहां इलाज का खर्च लगातार बढ़ रहा है, वहीं सुभाष चौक, रामानुजनगर स्थित प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र क्षेत्र के हजारों परिवारों के लिए राहत का बड़ा माध्यम बनकर उभरा है। केंद्र संचालक के अनुसार यहां हर महीने हजारों लोग शुगर और ब्लड प्रेशर के मरीज नियमित रूप से दवाइयां ले रहे हैं। इसके अलावा थायराइड, हृदय रोग, किडनी, लीवर, गैस, एसिडिटी, सर्दी, खांसी, बुखार, एलर्जी तथा अन्य सामान्य बीमारियों की दवाइयां भी किफायती दरों पर उपलब्ध हैं।
जन औषधि केंद्र खुलने के बाद क्षेत्र के लोगों में जेनेरिक दवाइयों के प्रति विश्वास लगातार बढ़ा है। कई मरीज बताते हैं कि पहले जिन दवाइयों पर हर महीने हजारों रुपये खर्च होते थे, अब उन्हीं के जेनेरिक विकल्प बहुत कम कीमत में उपलब्ध होने से उनके इलाज का खर्च काफी कम हो गया है। कई मरीजों का कहना है कि पहले शुगर की एक दवा की स्ट्रिप ₹200 या उससे अधिक में खरीदनी पड़ती थी, जबकि अब उसी दवा का जेनेरिक विकल्प ₹20–₹30 के आसपास उपलब्ध हो जाता है। इससे हर महीने अच्छी बचत हो रही है।
बच्चों के इलाज के लिए भी यह केंद्र लोगों की पहली पसंद बनता जा रहा है। सर्दी, खांसी, बुखार और सामान्य संक्रमण में उपयोग होने वाली कई आवश्यक दवाइयां यहां किफायती कीमत पर उपलब्ध हैं। इससे अभिभावकों को बार-बार महंगी दवाइयां खरीदने की आवश्यकता नहीं पड़ती और कम खर्च में उपचार संभव हो जाता है।
केंद्र संचालक का कहना है कि कई स्थानीय डॉक्टरों की पर्ची लेकर मरीज जन औषधि केंद्र पहुंच रहे हैं और यहां उपलब्ध जेनेरिक विकल्पों के बारे में जानकारी लेकर कम कीमत में दवाइयां प्राप्त कर रहे हैं। लोगों का भरोसा लगातार बढ़ने से केंद्र पर मरीजों की संख्या भी बढ़ रही है।
मरीजों के अनुभव भी इस भरोसे को मजबूत करते हैं। रामलाल वर्मा बताते हैं, “मैं कई वर्षों से शुगर और ब्लड प्रेशर की दवा ले रहा हूं। पहले दवाइयों पर काफी खर्च होता था, लेकिन अब जन औषधि केंद्र से दवा लेने पर हर महीने अच्छी बचत हो रही है और दवा का असर भी संतोषजनक है।”
सुनीता देवी कहती हैं, “थायराइड और गैस की दवा पहले महंगी पड़ती थी। अब कम कीमत में नियमित दवा मिल जाती है, जिससे घर के बजट पर बोझ कम हुआ है।”
श्यामलाल यादव का कहना है, “जन औषधि केंद्र खुलने से आम लोगों को बहुत राहत मिली है। कम कीमत में अच्छी गुणवत्ता की दवाइयां मिलने से इलाज कराना पहले की तुलना में काफी आसान हो गया है।”
केंद्र संचालक के अनुसार यहां उपलब्ध सभी दवाइयां सरकार द्वारा निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुसार अधिकृत निर्माताओं से प्राप्त होती हैं। इसी वजह से लोगों का विश्वास लगातार बढ़ रहा है और प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज यहां पहुंच रहे हैं।
प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि योजना का उद्देश्य हर नागरिक को उच्च गुणवत्ता वाली जेनेरिक दवाइयां किफायती कीमत पर उपलब्ध कराना है। रामानुज नगर का यह केंद्र इस उद्देश्य को सफलतापूर्वक आगे बढ़ा रहा है। यदि आप भी हर महीने दवाइयों पर अधिक खर्च करते हैं, तो डॉक्टर की पर्ची के साथ एक बार जन औषधि केंद्र पहुंचकर उपलब्ध जेनेरिक विकल्पों की जानकारी अवश्य लें। संभव है कि आपके इलाज का खर्च भी काफी कम हो जाए और हर महीने अच्छी-खासी बचत होने लगे।